You are currently viewing पातालकोट एक्सप्रेस में आग:’तेज धमाका और आग का गोला बना कोच, कूदकर बचाई जान’; यात्रियों ने बयां की आपबीती – Patalkot Express Fire In Agra Bhandai Coach Turned Into Massive Explosion And Fire, See Pictures Of Moments

पातालकोट एक्सप्रेस में आग:’तेज धमाका और आग का गोला बना कोच, कूदकर बचाई जान’; यात्रियों ने बयां की आपबीती – Patalkot Express Fire In Agra Bhandai Coach Turned Into Massive Explosion And Fire, See Pictures Of Moments


आगरा झांसी रेलवे ट्रैक स्थित भांडई रेलवे स्टेशन के नजदीक बुधवार दोपहर करीब 3:30 बजे गाड़ी नंबर 14624 पातालकोट एक्सप्रेस की दो जनरल बोगियों में अचानक आग लग गई। एक्सप्रेस फिरोजपुर पंजाब से छिंदवाड़ा होकर सिवनी जा रही थी। इसी बीच ट्रेन की दो बगियां जलकर खाक हो गईं। इस हादसे में करीब 20 लोग झुलस गए हैं और कुछ लोग भगदड़ में घायल हो गए। इस हादसे के बाद यात्रियों में दहशत थी। ट्रेन में जो कुछ हुआ वो मंजर देख उनके पैर कांप रहे थे। 

ट्रेन में सफर कर रहा हाथरस निवासी मुकेश राजपूत ने बताया कि वह बोगी में बैठकर मोबाइल देख रहा था। मेरे साथ भाई मनवीर सिंह और कृष्णकांत राजपूत भी साथ था। हम तीनों मथुरा से इटारसी जा रहे थे। इसी बीच तेज आवाज के साथ धमाका हुआ। देखा तो बोगी में आग लग गई है। ये देख सभी घबरा गए। समय रहते ट्रेन रुक गई, जिससे नीचे उतर आए नहीं तो एक भी नहीं बचता।



चेन खींचकर रोकी ट्रेन, झटपट उतरे नीचे

ट्रेन के यात्री एकांश राठौर ने बताया कि धुआं और फिर आग की लपटें देखी। इससे महिला-बच्चे रोने लगे। ये देख तत्काल उन्होंने चेन खींचकर ट्रेन को रोका। इस बीच आसपास के खेतों में काम करने वाले लोग भी आ गए।


आग की लपटें देख खिड़कियों से कूद पड़े यात्री

शुरुआत में ट्रेन के इंजन के पीछे लगे दो जनरल बोगी से धुआं उठने लगा। इनमें 144 यात्री बैठे हुए थे। धुआं उठने के कुछ ही देर बाद लपटें उठने लगीं। ये देख यात्री चीखने-चिल्लाने लगे। इससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। ट्रेन रुकते ही यात्री बाहर निकलने के लिए दौड़े। गेट पर भीड़ जमा होने पर कई यात्री खिड़की से ही नीचे कूद गए।


ट्रेन में आग देख खेतों से दौड़े किसान

चलती ट्रेन में आग की लपटें उठते देख खेतों में काम करने वाले किसान भी बचाव के लिए ट्रेन की ओर दौड़े। थोड़ी दूर जब ट्रेन रुकी तो किसान जुट गए और मिट्टी, पानी से आग बुझाने का प्रयास करने लगे। गांव कुठावली निवासी देशराज चाहर ने बताया कि वह खेतों पर कार्य कर रहे थे, ट्रेन से लपटें उठते और यात्रियों की चीखपुकार सुनकर आसपास के अन्य लोग बचाव के लिए भागे। खेतों से मिट्टी और पानी भरकर आग बुझाने की कोशिश की।


ट्रेन हादसे के घायल अस्पताल में चल रहा है इलाज

-सिद्धांत (18) पुत्र राजेश कुमार, निवासी भिंड

– हितेश (17) पुत्र मुरारीलाल निवासी भिंड

– गौरव कुमार (21) पुत्र अनिल कुमार निवासी गया बिहार

– विकास (17) पुत्र रामसिया निवासी भिंड

– प्रियरंजन कुमार (30) पुत्र शिवशंकर शर्मा निवासी जयपुर हाउस आगरा।

– गौरव कुमार (17) पुत्र राजेश निवासी भिंड।


Leave a Reply